हल्द्वानी में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 लागू होने के बाद नगर निगम ने सख्ती शुरू कर दी है। रोजाना 100 किलो कचरा पैदा करने वाले संस्थानों को खुद गीले कचरे का निस्तारण और कंपोस्टिंग करनी होगी।
हल्द्वानी में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 लागू होने के बाद नगर निगम ने सख्ती शुरू कर दी है। दरअसल नगर आयुक्त परितोष वर्मा ने कहा है कि बड़े स्तर पर कचरा पैदा करने वाले संस्थानों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को अपने गीले कचरे का निस्तारण और कंपोस्टिंग की व्यवस्था स्वयं करनी होगी।
इसमें नगर निगम के अनुसार, प्रतिदिन 100 किलोग्राम या उससे अधिक कचरा उत्पन्न करने वाले संस्थानों को नोटिस जारी किए जा रहे हैं। वहीं नियमों का पालन नहीं करने पर पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
आपको बता दे नगर आयुक्त ने नागरिकों से भी अपील की है कि कचरे को निर्धारित चार श्रेणियों में अलग-अलग कर ही नगर निगम को सौंपें। उन्होंने चेतावनी दी कि खुले में कचरा फेंकना या गलत तरीके से उसका निस्तारण करना अब दंडनीय अपराध है। ऐसे में नगर निगम का कहना है कि इन नियमों का उद्देश्य हल्द्वानी को स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरण अनुकूल शहर बनाना है।