जमरानी बांध परियोजना से प्रभावित परिवारों ने पुनर्वास और रोजगार की मांग को लेकर सरकार को एक महीने का अल्टीमेटम दिया है।
जमरानी बांध परियोजना से प्रभावित परिवारों का गुस्सा अब खुलकर सामने आने लगा है। पुनर्वास और रोजगार की मांग को लेकर प्रभावित ग्रामीणों ने सरकार को एक महीने का अल्टीमेटम दिया है और चेतावनी दी है कि मांगें पूरी न होने पर बड़ा जनआंदोलन शुरू किया जाएगा। नैनीताल जिले के हैड़ाखान क्षेत्र के तोक ब्युरा में जमरानी बांध परियोजना से प्रभावित परिवारों की एक बड़ी जनसभा आयोजित की गई। हरीश पनेरु के नेतृत्व में हुई इस सभा में सैकड़ों ग्रामीण शामिल हुए और पुनर्वास से जुड़े मुद्दों पर अपनी नाराजगी जाहिर की।
तो वही ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ने परियोजना से प्रभावित प्रत्येक परिवार को एक-एक एकड़ भूमि और उचित पुनर्वास का आश्वासन दिया था, लेकिन सालो बाद भी ये वादे धरातल पर नहीं उतर पाए हैं। इससे प्रभावित परिवारों में असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है। सभा को संबोधित करते हुए हरीश पनेरु ने मांग की कि एक माह के भीतर प्रत्येक प्रभावित परिवार को एक एकड़ भूमि और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय के भीतर मांगें पूरी नहीं हुईं, तो क्षेत्र की जनता के साथ मिलकर उग्र जनआंदोलन शुरू किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।