रामनगर में गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा देने और गौकशी पर सख्त कानून की मांग को लेकर रैली और प्रदर्शन, ज्ञापन सौंपा गया।
रामनगर से एक अहम खबर सामने आई है, जहां गौ माता के सम्मान और गौकशी पर रोक की मांग को लेकर विभिन्न संगठनों ने प्रदर्शन किया। दरअसल, सोमवार को सिद्धेश्वर मंदिर से लेकर तहसील मुख्यालय तक रैली निकाली गई और इसके बाद तहसीलदार मनीषा मारकाना के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, राज्यपाल और मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजा गया। इस दौरान, प्रदर्शनकारियों ने गौ माता को राष्ट्रीय माता का दर्जा देने और गौ हत्या पर सख्त कानून बनाने की मांग उठाई वहीं कार्यक्रम में कई हिंदूवादी संगठनों और साधु-संतों ने भी भाग लिया। इसी बीच, करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष सूरज चौधरी ने केंद्र और राज्य सरकार से कड़े कानून की मांग की और साथ ही गौ माता को राष्ट्रीय माता घोषित करने की बात दोहराई।
हालांकि, इस पूरे कार्यक्रम में भाजपा के कई जिम्मेदार जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ कार्यकर्ता नजर नहीं आए जिसको लेकर तरह-तरह की चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं। वहीं, इस मुद्दे पर प्रतिक्रिया देते हुए सूरज चौधरी ने कहा कि गौ माता किसी एक पार्टी की नहीं, बल्कि पूरे हिंदू समाज की आस्था का विषय है और उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दल इसे केवल वोट बैंक के तौर पर इस्तेमाल करते हैं। इतना ही नहीं, उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले 2027 विधानसभा चुनाव में इसका जवाब दिया जाएगा। दूसरी ओर, भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष मदन जोशी ने कार्यक्रम को ऐतिहासिक बताया और कहा कि भविष्य में इसे होली और दीपावली की तरह हर साल मनाया जाएगा लेकिन उन्होंने भाजपा नेताओं की गैरमौजूदगी पर कोई टिप्पणी नहीं की। फिलहाल, इस कार्यक्रम के बाद जहां एक ओर मांगें तेज हो गई हैं… तो वहीं राजनीतिक हलकों में भी इसको लेकर चर्चा तेज होती दिख रही है।