कालाढूंगी की महिला ब्लॉगर दीक्षा पांडेय ने कथित तौर पर लगातार ट्रोलिंग और मिल रही धमकियों से परेशान होकर जहरीला पदार्थ खा लिया। इस घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया...
हल्द्वानी से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। कालाढूंगी की महिला ब्लॉगर दीक्षा पांडेय ने कथित तौर पर लगातार ट्रोलिंग और मिल रही धमकियों से परेशान होकर जहरीला पदार्थ खा लिया। इस घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। राहत की बात यह है कि फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
दरअसल, कुछ दिन पहले दीक्षा पांडेय ने सोशल मीडिया पर फौजियों से जुड़ी एक पोस्ट शेयर की थी। इसके बाद सोशल मीडिया पर जमकर बहस शुरू हो गई और वीडियो वार भी देखने को मिला। मामला धीरे-धीरे इतना बढ़ गया कि कई संगठन भी इस विवाद में कूद पड़े।
दीक्षा का कहना है कि पोस्ट को लेकर लोगों की भावनाएं आहत होने की बात सामने आने पर उन्होंने सार्वजनिक रूप से माफी भी मांग ली थी। लेकिन इसके बावजूद उन्हें लगातार ट्रोल किया गया, धमकियां दी गईं और उन पर मानसिक दबाव बनाया गया। दीक्षा ने आरोप लगाया कि उन्होंने इसकी शिकायत पुलिस से भी की थी, लेकिन उनकी बात पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
वहीं, दीक्षा की बहन और मां का कहना है कि पिछले कुछ दिनों से उन्हें लगातार ट्रोल किया जा रहा था और धमकियां भी मिल रही थीं। परिवार का आरोप है कि इसी तनाव और प्रेशर की वजह से दीक्षा ने यह बड़ा कदम उठाया।
हालांकि, पुलिस का कहना है कि दीक्षा को एक वीडियो के मामले में कोतवाली बुलाया गया था, जहां उनकी काउंसिलिंग कराई गई थी। पुलिस ने थाने के अंदर जहर खाने की बात से साफ इनकार किया है।
फिलहाल इस पूरे मामले की जांच जारी है और अब सभी की नजर पुलिस जांच और उसके नतीजों पर टिकी हुई है।